
कोडरमा लोकसभा क्षेत्र से दो बार सांसद रहे वरिष्ठ नेता, शिक्षाविद एवं समाजसेवी तिलकधारी प्रसाद सिंह के निधन पर आज देवरी प्रखंड कार्यालय में शोकसभा का आयोजन किया गया। इस मौके पर शिक्षक, पंचायत प्रतिनिधि, मुखिया, स्थानीय विधायक सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रखंड के अधिकारी उपस्थित रहे।
श्रद्धांजलि सभा में सभी ने मौन धारण कर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। वक्ताओं ने तिलकधारी सिंह के सामाजिक योगदान, शिक्षा के क्षेत्र में उनके कार्य और राजनीति में उनके समर्पण को याद किया।
21 अप्रैल 2024 को 87 वर्षीय तिलकधारी सिंह का निधन गिरिडीह के एक अस्पताल में हुआ था, जहाँ वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे। मधुमेह और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे सिंह का जीवन जनसेवा और शिक्षा के क्षेत्र में आदर्श माना जाता है।
उन्होंने रांची विश्वविद्यालय से बीएससी करने के बाद शिक्षक के रूप में करियर शुरू किया, लेकिन बाद में वे राजनीति में सक्रिय हो गए। वे 1984 और 1999 में कोडरमा से लोकसभा सांसद चुने गए और एक बार धनवार विधानसभा क्षेत्र से विधायक भी रहे।
उनके पुत्र धनंजय सिंह वर्तमान में गिरिडीह जिला कांग्रेस अध्यक्ष हैं।
कांग्रेस सहित विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
ओम् शांति।




