बिहार–झारखंड एनसीसी निदेशालय ने किया भव्य कार्यक्रम का आयोजन, वंदे मातरम की प्रेरणा से गूंजा विश्वविद्यालय परिसर।

हजारीबाग। बिहार–झारखंड एनसीसी निदेशालय और विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग द्वारा “वंदे मातरम् के 150 वर्ष” के अवसर पर बुधवार को एक विशेष स्मरणोत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्वामी विवेकानंद सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य विषय “वंदे मातरम् : सांस्कृतिक गौरव एवं नागरिक जिम्मेदारी” था। कार्यक्रम में एनसीसी कैडेट्स, विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं, प्रोफेसरों एवं अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् के सामूहिक गायन से हुई। पूरा सभागार राष्ट्रभक्ति की भावनाओं से ओतप्रोत हो उठा और वातावरण भारत माता के जयघोष से गूंज उठा।

इस विशेष अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उत्तरी छोटा नागपुर प्रमंडल के आयुक्त पवन कुमार, तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में बिहार–झारखंड एनसीसी निदेशालय के अतिरिक्त महानिदेशक मेजर जनरल ए.एस. बजाज उपस्थित थे। वैचारिक गोष्ठी का संचालन एवं अध्यक्षता विश्वविद्यालय के मानविकी संकाय अध्यक्ष सह कुलानुशासक प्रोफेसर मिथिलेश सिंह ने की।

अपने संबोधन में मेजर जनरल ए. एस. बजाज ने कहा—
“वंदे मातरम् केवल गीत नहीं, बल्कि राष्ट्र की आत्मा का प्रतीक है। यह देशभक्ति की वह भावना है, जो देश के प्रति समर्पण को प्रेरित करती है। विकसित भारत @2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए युवाओं को इस गीत के संदेश को अपने जीवन में उतारना होगा। मातृभूमि की सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है।”

मुख्य अतिथि आयुक्त पवन कुमार ने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा—
“वंदे मातरम् भारतीय संस्कृति, सभ्यता और आदर का जीवंत गीत है। युवा पीढ़ी को इसकी भावना को समझते हुए अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और सेवा भाव को अपनी कार्यशैली में शामिल करना चाहिए।”
गोष्ठी के बाद वंदे मातरम् विषय पर छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुति दी गई। जजों के पैनल ने संतोष पंडित को प्रथम तथा कृष्ण कांत को द्वितीय स्थान प्रदान किया। विजेताओं को ट्रॉफ़ी एवं प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया। सभी प्रतिभागियों को भी प्रशस्ति पत्र एवं मेडल प्रदान किए गए।
बिहार–झारखंड एनसीसी निदेशालय की ओर से आगंतुक अतिथियों को वंदे मातरम् स्मृति चिह्न भेंट किया गया।

कार्यक्रम का संचालन 22 झारखंड बटालियन एनसीसी द्वारा किया गया, जो हजारीबाग एनसीसी ग्रुप हेडक्वार्टर के कमांडर के दिशा-निर्देश में आयोजित हुआ। धन्यवाद ज्ञापन हजारीबाग एनसीसी ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर गोपी कृष्ण ने किया। उन्होंने विश्वविद्यालय के शिक्षक इफशा खुर्शीद, जी.एन. सिंह, विनोद रंजन, तथा 22 बटालियन के कमांडिंग ऑफिसर लेफ्टिनेंट कर्नल एंटनी सेल्वम और उनकी टीम — एनसीसी ऑफिसर्स एवं पी.आई. स्टाफ — के योगदान की सराहना की।

पूरे कार्यक्रम में देशभक्ति का भाव स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। विकसित भारत और राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर रखे गए विचारों ने सभी प्रतिभागियों को प्रेरणा से भर दिया।




